इंटेलिजेंस एजेंसी सच नहीं बोलती, ना यहां ना…

0
12

J-K/Atulya Loktantra : जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने मंगलवार को कहा था कि उन्हें अपने बयानों पर सफाई भी देनी पड़ती है. इतना कहने के 24 घंटे बाद उनका एक और बयान सामने आया है जिसपर जोरों से चर्चाएं हो रही हैं. एक कार्यक्रम में सत्यपाल मलिक ने कहा है कि इंटेलिजेंस एजेंसी सच नहीं बताती हैं, ना यहां और ना दिल्ली को. मैंने यहां आकर इंटेलिजेंस एजेंसी नहीं बल्कि यूनिवर्सिटी के बच्चों से बात की थी.

गवर्नर सत्यपाल मलिक ने एक कार्यक्रम में कहा, ‘…मैंने आने के बाद जो इंटेलिजेंस एजेंसी हैं उनसे कोई इनपुट नहीं लिया, वो सच नहीं बताते ना दिल्ली को और ना हमको, मैंने 150-200 बच्चे, ये पता किया कि यूनिवर्सिटी में कौन राष्ट्रगान पर खड़े होते हैं. उनको बुलवाया, उनसे बात की और उन्होंने बता दिया.’

सत्यपाल मलिक ने आगे कहा, ‘सारी दिक्कत 13-30 उम्र तक के बच्चों की है, जिनके सपने तोड़े गए हैं जिनको नाराज किया गया है. उन्होंने कहा कि ना हमें हुर्रियत चाहिए, ना दिल्ली चाहिए, हमको ये कहा जा रहा है कि जन्नत मिलेगी, शहीद होगे तो जन्नत मिलेगी.’

उन्होंने आगे कहा, ‘…मैंने उनसे कहा कि अगर ये तुम्हारा धार्मिक मामला है, तो मैं कुछ नहीं कहूंगा. मैं तुम्हें जन्नत देने को तैयार हूं, एक वो जहां जहांगीर ने घोड़े से उतरकर कहा था कि जन्नत है तो यहीं है, दुनिया का सिरमौर बना सकते हो इसको. यकीन करने वाले अच्छे मुसलमान के तौर पर मरोगे तो दो जन्नत तुम्हारे हक में आएंगी.’
मंगलवार को क्या बोले थे सत्यपाल मलिक?

आपको बता दें कि मंगलवार को एक कार्यक्रम में सत्यपाल मलिक ने कहा था कि उनके मुंह से कई बार ऐसी बातें निकल जाती हैं, जिनपर उन्हें तीन दिन तक सफाई देनी पड़ती है. कहीं दिल्ली में बैठा हुआ कोई नाराज़ ना हो जाए. सत्यपाल मलिक कई बार ऐसे बयान दे चुके हैं जो उनके लिए विवाद का विषय बने हैं.

मंगलवार को एक कार्यक्रम में उनके निशाने पर घाटी के नेता रहे, उन्होंने स्थानीय नेताओं पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया और विकास के पैसों का निजी इस्तेमाल करने का आरोप लगाया.

Previous Most Popular News Storiesकांग्रेस में आई जान, हुड्डा पर भरोसा जताने में देर कर गया आलाकमान?
Next Most Popular News Storiesतिहाड़ में डी.के.शिवकुमार से मिलने पहुंची सोनिया गांधी
इस न्यूज़ पोर्टल अतुल्यलोकतंत्र न्यूज़ .कॉम का आरम्भ 2015 में हुआ था। इसके मुख्य संपादक पत्रकार दीपक शर्मा हैं ,उन्होंने अपने समाचार पत्र अतुल्यलोकतंत्र को भी 2016 फ़रवरी में आरम्भ किया था। भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय से इस नाम को मान्यता जनवरी 2016 में ही मिल गई थी । आज के वक्त की आवाज सोशल मीडिया के महत्व को समझते हुए ही ऑनलाईन न्यूज़ वेब चैनल/पोर्टल को उन्होंने आरंभ किया। दीपक कुमार शर्मा की शैक्षणिक योग्यता B. A,(राजनीति शास्त्र),MBA (मार्किटिंग), एवं वे मानव अधिकार (Human Rights) से भी स्नातकोत्तर हैं। दीपक शर्मा लेखन के क्षेत्र में कई वर्षों से सक्रिय हैं। लेखन के साथ साथ वे समाजसेवा व राजनीति में भी सक्रिय रहे। मौजूदा समय में वे सिर्फ पत्रकारिता व समाजसेवी के तौर पर कार्य कर रहे हैं। अतुल्यलोकतंत्र मीडिया का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय सरोकारों से परिपूर्ण पत्रकारिता है व उस दिशा में यह मीडिया हाउस कार्य कर रहा है। वैसे भविष्य को लेकर अतुल्यलोकतंत्र की कई योजनाएं हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here