राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) के विधायक रोहित पवार ने शनिवार को अजित पवार के प्लेन क्रैश पर फिर सवाल उठाए। उन्होंने दिल्ली में एक प्रेस कॉन्फेंस में स्क्रीन पर डेटा और फोटो दिखाए।
उन्होंने कहा कि ब्लैक बॉक्स को लेकर शक जताया जा रहा था। उनके मुताबिक, दुर्घटना के समय सिर्फ एक धमाका नहीं हुआ था, बल्कि कई धमाके हुए थे।
विमान में सामान रखने वाली जगह पर अतिरिक्त पेट्रोल के डिब्बे रखे गए थे, जिससे आग भड़की। सभी पहलुओं की गहराई से जांच होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि अगर साजिश की बात करें तो यह दो तरह की हो सकती है, राजनीतिक या व्यावसायिक। अभी यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस मामले में किस तरह की साजिश शामिल है।
रोहित ने आरोप लगाया है कि अजित पवार प्लेन क्रैश के मामले को कुछ लोग कंट्रोल करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने पीएम मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को लेटर लिखा है।
मैं आपसे केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू के मामले में तुरंत कार्रवाई करने का निवेदन करता हूं। कंपनी VSR और उनकी पार्टी के बीच संबंधों को लेकर गंभीर सवाल उठे हैं। इन संबंधों की जांच किसी स्वतंत्र और निष्पक्ष एजेंसी से कराई जानी चाहिए, जरूरत हो तो अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों की मदद भी ली जाए।
आपने हमेशा अजित दादा और उनके देश के प्रति योगदान का सम्मान किया है। इसलिए मेरा अनुरोध है कि जांच पूरी होने तक राम मोहन नायडू से मंत्री पद से इस्तीफा लेने को कहा जाए। हादसे में शामिल विमान की कंपनी का सीधा संबंध तेलुगु देशम पार्टी (टीडीपी) से है।
हमारी जानकारी के मुताबिक VSR मामले में उद्योग और राजनीति से जुड़े कुछ प्रभावशाली लोग शामिल हैं। ऐसे में आशंका है कि जांच निष्पक्ष तरीके से नहीं हो पाएगी। इसलिए आपसे अनुरोध है कि यह तय किया जाए कि VSR मामले में DGCA की भूमिका की जांच बिना किसी दबाव या हस्तक्षेप के निष्पक्ष तरीके से हो।
जिस CVR की हम बात कर रहे हैं, कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर, उसकी उस उड़ान में रिकॉर्डिंग क्षमता केवल 30 मिनट की थी। लेकिन यदि आप सरकारी नियमों को देखें, तो डीजीसीए (नागरिक उड्डयन महानिदेशालय) की आवश्यकता दो घंटे की रिकॉर्डिंग की है। तो अगर विमान का CVR केवल 30 मिनट रिकॉर्ड कर सकता था, जबकि नियम दो घंटे का है, तो उस विमान का रजिस्ट्रेशन कैसे हुआ? यह बात हम सभी जानना चाहते हैं
यह दुर्घटना से पहले के अंतिम 30 मिनटों का रिकॉर्ड है, यानी यह आखिरी दर्ज किया गया हिस्सा है। उन अंतिम 30 मिनटों में क्या हुआ, इसकी जानकारी केवल CVR से ही मिल सकती है। कहा जा रहा है कि CVR क्षतिग्रस्त हो गया है, लेकिन हमें इस पर विश्वास नहीं है।
मुद्दा यह है कि वास्तव में उसमें क्या रिकॉर्ड हुआ था। उस रिकॉर्डिंग से कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने आ सकते हैं। ऐसे तथ्य जिन्हें शायद VSR या VSR का समर्थन करने वाले लोग उजागर नहीं होने देना चाहते हैं, जिस VSR कंपनी की तरफ से यह फ्लाइट ऑपरेट की जा रही थी, उसके खिलाफ पहले से ही कई शिकायतें हैं। कंपनी में मैकेनिकल और मेंटेनेंस से जुड़ी समस्याएं थीं।


