महाराष्ट्र के कैबिनेट मंत्री और एनसीपी नेता छगन भुजबल शनिवार को बड़े हादसे का शिकार होने से बच गए। दरअसल पुणे के पुरंदर इलाके में मंत्री का हेलिकॉप्टर हेलीपैड की बजाय कार पार्किंग एरिया पर उतर गया। हेलीपैड वहां से एक किलोमीटर पीछे था।
पुणे प्रशासन ने बताया कि हेलिकॉप्टर के लिए एक हेलीपैड तैयार किया गया था, लेकिन पायलट ने पार्किंग एरिया में खाली जगह को लैंडिंग साइट समझ लिया। उस समय पार्किंग वाली जगह खाली थी, जिससे भ्रम होने की आशंका है।
घटना उस समय हुई जब भुजबल पुणे में महात्मा ज्योतिबा फुले की 200वीं जयंती के कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे। यह हेलिकॉप्टर उन्होंने किराए पर लिया था। लैडिंग का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें दिखा कि पार्किंग एरिया में कई कार कतार में खड़ी थी।
वहीं पर गाड़ियों के सामने पायलट ने हेलिकॉप्टर को उतार दिया। इस दौरान धूल का एक बड़ा गुबार उठता हुआ दिखाई दिया। घटना में किसी के घायल होने या अन्य नुकसान की कोई जानकारी सामने नहीं आई है।
पायलट, क्रू मेंबर या हेलिकॉप्टर ऑपरेट करने वाली कंपनी की ओर से अभी तक कोई बयान नहीं आया है। सुरक्षा एजेंसियों ने यह पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी है कि यह गलती तकनीकी खराबी या मानवीय त्रुटि के कारण हुई थी।
वहीं पुणे ग्रामीण पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि वे इस मामले की रिपोर्ट नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) को देंगे और पायलट के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। नियम के मुताबिक, जब भी किसी हेलिकॉप्टर को किसी विशेष क्षेत्र में उतरना होता है, तो स्थानीय लोक निर्माण विभाग हेलिकॉप्टर के क्रू-मेंबर को निर्देश देता देता है।
पुणे जिला पुलिस ने बताया कि उन्होंने हेलीपैड तैयार किया था और क्रू मेंबर को इसकी जानकारी थी, लेकिन उन्होंने इसे नजरअंदाज कर दिया। लैंडिंग जोखिम भरी थी क्योंकि हेलिकॉप्टर के घूमते हुए रोटर आसपास के वाहनों या इमारतों को नुकसान पहुंचा सकते थे।
तीन महीने पहले 28 जनवरी, 2026 को महाराष्ट्र के डिप्टी CM अजित पवार की भी एक प्लेन हादसे में मौत हुई थी। 66 साल के पवार जिला परिषद चुनावों से पहले एक जनसभा में शामिल होने के लिए बारामती जा रहे थे। बारामती एयरपोर्ट पर लैंडिंग के दौरान उनका चार्टर विमान क्रैश हो गया।
इसमें उपमुख्यमंत्री और विमान में सवार चार अन्य लोगों की मौत हो गई थी। सीसीटीवी फुटेज में विमान पहले पलटते हुए दिखा था, जिसके बाद उसमें विस्फोट हो गया। रिपोर्ट्स में बताया गया कि पायलट ने बारामती एयरपोर्ट पर लैंडिंग की कोशिश की थी, लेकिन रनवे साफ दिखाई नहीं दिया तो वह प्लेन को दोबारा ऊंचाई पर ले गया।
पहली कोशिश नाकाम रहने के बाद बारामती के रनवे-11 पर दोबारा लैंडिंग की कोशिश की गई। इस दौरान विमान रनवे से पहले ही गिर गया और उसमें आग लग गई।


