फरीदाबाद। पंचायत विभाग ने पिछले वर्ष चंडीगढ़ से सीधे जिले के 30 गांवों की फिरनी में 84.38 लाख की लागत स्ट्रीट लाइट लगाई थी। इन लाइटों का बिजली बिल भरना पंचायतों के जिम्मे है। यह लाइट गांवों में जल रही हैं या नहीं इसकी पंचायत विभाग अब जांच करेगा। कहीं ऐसा न हो स्ट्रीट लाइट ठप पड़ी हों और पंचायत बिजली का बिल जमा करा रही हों। इस तरह से पंचायतों को आर्थिक नुकसान तो नहीं उठाना पड़ रहा है। पंचायत विभाग ने जिले के गांवों में सरकार के स्तर पर लाइट लगाने के लिए 274 लाख की योजना मंजूर की थी। इसके तहत दो सत्र में 84.38 लाख रुपये की स्ट्रीट लाइट लगाने का काम जिले के गांवों में किया था।
इससे लाइट व केबल खरीदी गई। पहले सत्र में 15 गांव में बल्लभगढ़ खंड में मोहना, फतेहपुर बिल्लौच, छांयसा, दयालपुर, सीकरी, फरीदाबाद खंड के धौज, फतेहपुर तगा, पाली, मादलपुर, सरूरपुर, तिगांव खंड के तिगांव, तिगांव अधाना पट्टी, भैंसरावली, कौराली, मंधावली में स्ट्रीट लाइट लगाई गई। दूसरे सत्र में बल्लभगढ़ खंड के अटाली, समयपुर, जवां, बिजोपुर, खंदावली, फरीदाबाद खंड के आलमपुर, मांगर, गोठडा मोहब्ताबाद, भसकौला, खेड़ी गुजरान, तिगांव खंड के चांदपुर, अरुआ, भुआपुर, मंझावली, जंन्हैड़ा शामिल हैं।
पंचायत विभाग ने यह लाइट इन गांवों में 31 मार्च-2025 तक लगाई थी। इनमें से 30 गांवों में लाइट लगाने का काम मंजूर किया गया था। जिनमें से पंचायत विभाग ने 14 गांव में लाइटों को लगाने का काम पूरा किया है। 16 गांव में कार्य अभी चालू हालत में बताया गया है। इन स्ट्रीट लाइटों का पंचायत लगातार बिल जमा करा रही हैं। यह लाइट मौके पर लगी हुई हैं या नहीं। जल रही हैं या नहीं। इसकी पंचायत विभाग की जांच कर रहा है। खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी बल्लभगढ़ अंशु डागर का कहना है कि हमारी टीम रात को गांवों का दौरा करके मौके पर जाकर जांच करेगी। यदि कोई लाइट खराब हो गई है तो उसे ठीक करा दिया जाएगा। यदि फिरनी में लाइट ही नहीं है और पंचायत बिजली जमा करा रही है तो उसे बिजली विभाग से कटवा दिया जाएगा। ताकि पंचायतों को आर्थिक नुकसान न उठाना पड़़े।


