लखनऊ के एस्ट्रोनॉट शुभांशु शुक्ला अमेरिका से भारत आ गए हैं। वे शनिवार देर रात दिल्ली एयरपोर्ट पर उतरे। केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह और दिल्ली की CM रेखा गुप्ता ने शुभांशु का स्वागत किया। लखनऊ से शुभांशु से मिलने पिता शंभू दयाल शुक्ला और बहन शुचि मिश्रा भी पहुंची हैं।
शुचि मिश्रा से दैनिक भास्कर ने फोन से बात की। उन्होंने बताया कि भाभी (कामना) बच्चे को लेकर दिल्ली पहले पहुंचीं। वह रात करीब 10 बजे दिल्ली आ गई थीं। इसके करीब 4 घंटे बाद शुभांशु दिल्ली आए। हम लोग नोएडा वाले घर में साथ रुके हैं।
शुचि ने बताया- हमारे परिवार का प्रधानमंत्री मोदी से मिलने का समय 18 अगस्त को तय किया जाएगा। 21 अगस्त को प्रेसवार्ता होगी, जिसमें शुभांशु अपनी अंतरिक्ष यात्रा के बारे में बताएंगे। 25 अगस्त को शुभांशु के साथ हम लोग लखनऊ आएंगे। शुभांशु के स्कूल (सीएमएस) ने एयरपोर्ट से स्कूल तक रोड शो निकालने का प्रोग्राम रखा है।
वहीं, शुभांशु की मां ने दैनिक भास्कर से कहा- दुनिया के लिए वह भले ही सेलिब्रिटी हो, लेकिन मेरे लिए अब भी नन्हा बेटा है। उसके आने का बेसब्री से इंतजार है। शुभांशु ने 16 अगस्त को टेक्सास के जॉर्ज बुश इंटर कॉन्टिनेंटल एयरपोर्ट (IAH) से भारत के लिए उड़ान भरी थी।
शुभांशु ने फ्लाइट में बैठने के बाद क्या लिखा था, पढ़िए…
भारत वापस आने के लिए विमान में बैठते ही मेरे दिल में कई तरह की भावनाएं उमड़ रही हैं। मुझे उन शानदार लोगों को पीछे छोड़कर जाने का दुख है, जो इस मिशन के दौरान एक साल से मेरे दोस्त और परिवार थे। मैं मिशन के बाद पहली बार अपने दोस्तों, परिवार और देशवासियों से मिलने को लेकर उत्साहित हूं।
मुझे लगता है कि जिंदगी यही है… सबकुछ एक साथ। मिशन के दौरान और बाद में सभी से अविश्वसनीय प्यार और समर्थन मिला। मुझे अपने देश पहुंचने की बेसब्री है। मैं आप सभी के साथ अपने अनुभव साझा करने का बेसब्री से इंतजार कर रहा हूं। अलविदा कहना मुश्किल होता है, लेकिन हमें जिंदगी में आगे बढ़ते रहना चाहिए।
जैसा कि मेरी कमांडर @astro_peggy (पैगी व्हिटसन) प्यार से कहती हैं- अंतरिक्ष उड़ान में एकमात्र स्थिर चीज बदलाव है। मेरा मानना है कि यह बात जिंदगी पर भी लागू होती है। मुझे लगता है- यूं ही चला चल राही…जीवन गाड़ी है… समय पहिया।


