फरीदाबाद। रेल मंत्रालय द्वारा घोषित रेल किराया वृद्धि शुक्रवार से लागू हो गई है। इसके बाद फरीदाबाद से विभिन्न स्टेशनों तक मेल, एक्सप्रेस और सुपरफास्ट ट्रेनों के जनरल टिकट के किराए में 5 रुपए से लेकर 35 रुपए तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। किराए में इजाफा होते ही स्टेशन पर यात्रियों में नाराजगी देखने को मिली और कई यात्रियों ने टिकट काउंटरों पर रेलकर्मियों से इस बढ़ोतरी को लेकर सवाल-जवाब किए। सबसे अधिक असर फरीदाबाद से बिहार जाने वाले यात्रियों पर पड़ा है। इस रूट पर जनरल टिकट के किराए में 30 से 35 रुपए तक की बढ़ोतरी की गई है।
बिहार के लिए सफर करने वाले मजदूरों, छात्रों और आम यात्रियों का कहना है कि पहले से महंगे सफर पर अब अतिरिक्त बोझ पड़ गया है। वहीं मथुरा और आगरा जैसे नजदीकी स्टेशनों तक का सफर भी महंगा हो गया है। फरीदाबाद से मथुरा की दूरी करीब 113 किलोमीटर और आगरा की दूरी लगभग 167 किलोमीटर है, जो 215 किलोमीटर की सीमा के भीतर आती है। इसके बावजूद एक्सप्रेस ट्रेनों के जनरल टिकट में पांच रुपए की बढ़ोतरी कर दी गई है।
इससे दैनिक यात्री भी प्रभावित हुए हैं, जो रोजाना या बार-बार इन रूटों पर सफर करते हैं। गौरतलब है कि हाल ही में रेल मंत्रालय ने घोषणा की थी कि 215 किलोमीटर तक की दूरी के सफर में किसी प्रकार की किराया वृद्धि नहीं की जाएगी, जबकि 216 किलोमीटर से अधिक दूरी पर यात्रियों को एक से दो पैसे प्रति किलोमीटर अतिरिक्त किराया देना होगा। हालांकि फरीदाबाद से 215 किलोमीटर से कम दूरी वाले स्टेशनों के किराए में भी पांच रुपए तक की बढ़ोतरी कर दी गई है, जिससे यात्रियों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
रेलवे सूत्रों के अनुसार दूरी के हिसाब से अलग-अलग स्टेशनों के जनरल टिकट के किराए में पांच से 15 रुपए तक की बढ़ोतरी की गई है। वहीं सुपरफास्ट ट्रेनों से सफर करने वाले यात्रियों को बढ़े हुए किराए के साथ 15 रुपए अतिरिक्त भी देने होंगे। कुल मिलाकर रेल किराए में हुई इस बढ़ोतरी से आम यात्रियों पर आर्थिक बोझ बढ़ गया है। यात्रियों का कहना है कि पहले ही महंगाई से जूझ रही जनता के लिए रेल किराया वृद्धि परेशानी का कारण बन रही है। खासकर रोजाना सफर करने वाले और लंबी दूरी तय करने वाले यात्रियों के लिए यह बढ़ोतरी भारी पड़ रही है।


