फरीदाबाद। कांग्रेस नेता एवं पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह के नेतृत्व में निकाली जा रही ‘सद्भाव यात्रा’ ने अपने 99वें दिन बल्लभगढ़ विधानसभा क्षेत्र में प्रवेश किया, जहां बल्लभगढ़ विधानसभा क्षेत्र के वरिष्ठ कांग्रेसी नेता मनोज अग्रवाल के संयोजन में अग्रवाल धर्मशाला में यात्रा का ढोल नगाड़ों व फूल मालाओं से भव्य स्वागत किया गया। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने गगनचुंबी नारे लगाकर पूरे माहौल को कांग्रेसमय कर दिया। युवाओं, महिलाओं, किसानों, सामाजिक संगठनों और ग्रामीण समुदाय की बड़ी भागीदारी ने यह स्पष्ट कर दिया कि सद्भाव यात्रा अब हरियाणा में सामाजिक सौहार्द, भाईचारे और लोकतांत्रिक मूल्यों को सशक्त करने वाला एक प्रभावी जनआंदोलन बन चुकी है। रविवार को यात्रा शुरू करने से पहले बृजेंद्र सिंह ने जिला कांग्रेस द्वारा आयोजित मनरेगा के स्वरूम में बदलाव के विरोध में उपवास पर बैठे जिला कांग्रेस अध्यक्ष को अपना समर्थन दिया। आज की यात्रा की शुरुआत अनाज मंडी, बल्लभगढ़ से हुई।
इसके पश्चात यात्रा किसान भवन, विष्णु-सुभाष कॉलोनी, लाल कोठी, बालाजी स्कूल रोड, मधु वाटिका, गुप्ता होटल, महाराज अग्रसेन चौक, डॉ. बी.आर. अंबेडकर चौक, बस अड्डा मार्केट, अग्रवाल धर्मशाला, 100 फुटा रोड (चावला कॉलोनी), बोहरा पब्लिक स्कूल होते हुए जाट धर्मशाला, सेक्टर-3, बल्लभगढ़ पहुंची। यात्रा का जगह-जगह युवा कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष चुन्नू राजपूत ने अपनी टीम के साथ जगह-जगह स्वागत किया और यात्रा में शामिल होकर भाजपा सरकार के खिलाफ अपना आक्रोश जाहिर किया। बल्लभगढ़ विधानसभा क्षेत्र में यात्रा के समापन के उरांत यात्रा आगमी चार दिन के लिए विश्राम दिया गया है। सद्भवा यात्रा 16 जनवरी से पृथ्ला विधानसभा क्षेत्र से शुरू होगी। जनसभा को संबोधित करते हुए बृजेंद्र सिंह ने कहा कि सद्भाव यात्रा को हर विधानसभा क्षेत्र में जनता का अपार स्नेह और समर्थन मिल रहा है। बल्लभगढ़ इस यात्रा का 38वां विधानसभा क्षेत्र है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस की नीतियों और योजनाओं की वजह से ही फरीदाबाद में मेट्रो और सडक़ों की कनेक्टिविटी जैसे बड़े विकास कार्य संभव हो पाए। बीजेपी सरकार कांग्रेस के कार्यकाल में शुरू हुए कार्यों का केवल उद्घाटन करने का काम कर रही है। श्री सिंह ने कहा कि फरीदाबाद मेट्रो परियोजना कांग्रेस सरकार की देन है, जबकि बीजेपी के कार्यकाल में यह परियोजना आगे नहीं बढ़ी। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी सिर्फ नाम बदलने की राजनीति में माहिर है। मनरेगा पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि बीजेपी सरकार ने न सिर्फ योजना का नाम बदला, बल्कि उसके स्वरूप में बदलाव कर उसकी आत्मा को ही खत्म करने का काम किया है। राज्यों पर 40 प्रतिशत तक का वित्तीय बोझ डालकर इस योजना को धीरे-धीरे समाप्त करने की साजिश रची जा रही है।
उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार पिछले वर्ष औसतन 24 दिन का भी रोजगार उपलब्ध नहीं करा पाई, जो सरकार की असंवेदनशीलता को दर्शाता है। उन्होंने यह भी कहा कि गरीब और आम आदमी अपने अधिकारों को पहचानता है और 2024 के लोकसभा चुनाव में जनता ने बीजेपी को बहुमत से पीछे धकेल दिया। फरीदाबाद के विकास पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि पिछले लगभग दस वर्षों से बंद पड़ा नाहर सिंह स्टेडियम बीजेपी सरकार की विकास विरोधी सोच का सबसे बड़ा उदाहरण है। उन्होंने मीडिया की भूमिका को लेकर उठे सवालों का जिक्र करते हुए कहा कि मीडिया लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है और उससे हमेशा यह उम्मीद रहती है कि किसी भी बयान या विचार को उसी भाव और संदर्भ में प्रस्तुत किया जाए, जिस भाव से वह कहा गया हो। उन्होंने कहा कि जब किसी बात को संदर्भ से अलग कर या तोड़-मरोड़ कर प्रस्तुत किया जाता है, तो इससे न केवल वक्ता की बात का अर्थ बदल जाता है, बल्कि जनता के बीच भ्रम भी पैदा होता है।
मीडिया की निष्पक्षता और जिम्मेदारी लोकतंत्र को मजबूत करने में बेहद अहम भूमिका निभाती है। इस अवसर पर अनेक वरिष्ठ नेता एवं सामाजिक प्रतिनिधि उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से— पूर्व केंद्रीय मन्त्री चौ. बीरेंद्र सिंह, महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सुधा भारद्वाज, जिला कांग्रेस अध्यक्ष बलजीत कौशिक, महिला कांग्रेस जिला अध्यक्ष सुनीता फगना, जींद जिला महिला कांग्रेस अध्यक्ष लाजवंती ढिल्लों, एडवोकेट दलबीर सिंह, चांद सिंह, विनोद कौशिक, किसान नेता महेंद्र चौहान, वेद प्रकाश यादव, मुकेश डागर, सूरज मान, प्रियंका मनोज अग्रवाल, विकास फगना, चन्नू राजपूत, दीपक चौधरी, साक्षी चौधरी, राष्ट्रीय महिला कांग्रेस की सचिव दीपिका यादव, नूंह महिला कांग्रेस अध्यक्ष रजिया बानो, रेनू चौहान सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

